8 लाख की सर्जरी कराके संदीप पटेल से बन गए अलीशा पटेल

आज से करीब 39 साल पहले एक लड़के का जन्म होता है। उसने अपने जीवन के 39 साल एक पुरुष के तौर पर ही गुजारे लेकिन अब वह पुरुष नहीं बल्कि महिला के तौर पर जाना जाएगा।

अब उस महिला का नाम है अलीशा पटेल। इस महिला ने ₹   8 लाख खर्च करके खुद को महिला बनाया। इसके लिए उसने अपनी सर्जरी कराई।

इतना ही नहीं गुजरात सरकार ने भी अनीशा पटेल को राज्य की पहली ट्रांस महिला का प्रमाण पत्र दिया। उनको यह प्रमाण पत्र सूरत के डीएम ने दिया था।

यह किस्सा संदीप पटेल के नाम से जाने वाली शख्स के शख्स का है। संदीप पटेल आज अलीशा पटेल के नाम से जाने जाते है।

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि संदीप पटेल की उम्र जब 12 साल के आसपास थी।

तब उनको इस बात का एहसास हुआ कि वह भले ही पुरुष है लेकिन पुरुषों की तरह व्यवहार नहीं कर पा रहे हैं।

उन्हें महिलाओं की तरह सजना-संवरना महिलाओं से बात करना अच्छा लगता है।

तभी उन्हें इस बात का एहसास हुआ कि वह पुरुष नहीं बल्कि महिला है। संदीप पटेल के घर वालों ने भी उनका हर कदम पर साथ निभाया।

जब बात हद से आगे बढ़ गई तब उनके परिवार वाले संदीप पटेल को एक मनोचिकित्सक के पास ले गए।

मनोचिकित्सक ने उनकी सारी जांच की। फिर वह इस निर्णय पर पहुंचा कि संदीप पटेल को लिंग डिस्फोरिया है।

इस समस्या में पुरुष ऊपर से भले ही पुरुष हो लेकिन वह अपने स्वभाव से महिला होता है।

मनोचिकित्सक की सलाह पर ही उन्होंने बाद में अपनी सर्जरी कराकर महिला बनने का निर्णय लिया।

संदीप पटेल से जब न्यूज़ एजेंसी से बात की तब उन्होंने बताया कि कभी आज मेरी उम्र 39 वर्ष और मेरा जन्म एक लड़के के शरीर में हुआ था।

लेकिन जब मेरी उम्र करीब 10-12 साल की थी तब मुझे यह एहसास हुआ कि मैं ऊपर से भले ही पुरुष हूं लेकिन मेरा व्यवहार पूरी तरह से महिला की तरह है।

तब मनोचिकित्सक ने मुझे बताया कि आपको लिंग डिस्फोरिया है। अपने शरीर की सर्जरी कराने में मुझे करीब 3 साल लगे और ₹   8 लाख खर्चा आया। लेकिन अब मैं महिला के शरीर में खुद को सुरक्षित और सुकून महसूस करते हैं

आपकी जानकारी के लिए बता दें कि अब से पहले ट्रां महिला की पहचान बना पाना बहुत कठिन और जटिल प्रक्रिया थी।

लेकिन अब ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन ने इस प्रक्रिया को आसान कर दिया है। इसी ऑनलाइन प्रक्रिया के चलते अलीशा गुजरात की पहली ट्रांस महिला हैं।

और गुजरात के सूरत के डीएम ने उनको गुजरात की पहली ट्रांस महिला का प्रमाण पत्र दिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *